Babar Azam कुछ खास नहीं कर पाए, फिर भी पाकिस्तान ने जीती ODI सीरीज़।

pakistan vs south africa odi match

pakistan vs south africa के बीच खेली गई तीन मैचों की ODI सीरीज़ का फ़ैसला आख़िरी मुकाबले में हुआ। हैरानी की बात यह रही कि भले ही Babar Azam बड़े रन नहीं बना पाए, पर टीम ने मिलकर दम दिखाया और सीरीज़ 2-1 से अपने नाम कर ली।

सीरीज़ का सार।

तीन मैचों में दोनों टीमों ने एक-एक मैच जीता था और तीसरा मैच निर्णायक रहा। पाकिस्तान ने तीसरे मैच में सफलतापूर्वक टारगेट का पीछा करते हुए धमाकेदार जीत दर्ज की और सीरीज़ पर कब्ज़ा किया।

Babar Azam का प्रदर्शन इस सीरीज़ में कैसा रहा?

इस सीरीज़ में Babar Azam से बड़ी पारी की उम्मीद थी, लेकिन उनका योगदान साधारण रहा। पहले मैच में वे सिर्फ 7 रन बनाकर आउट हो गए। दूसरे मैच में 11 रन पर चलते बने और पाकिस्तान उस मैच को हार गया। तीसरे और निर्णायक मुकाबले में उन्होंने 27 रन बनाकर थोड़ी स्थिरता तो दिखाई, लेकिन फिर भी यह पारी मैच का टर्निंग पॉइंट नहीं बन सकी।

कुल मिलाकर Babar ने इस सीरीज़ में 45 रन बनाए। यह उनके स्तर के खिलाड़ी के लिए निश्चित ही कम है।
लेकिन असली बात यह है कि टीम ने इस कमी को मिलकर कवर किया।

टीम में किसने निभाई सबसे बड़ी भूमिका?

Mohammad Rizwan

Rizwan इस सीरीज़ में टीम के सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज़ साबित हुए। उन्होंने मैदान पर शांत दिमाग रखा, स्ट्राइक rotate करते रहे और दबाव में भी सही शॉट चुने। उनकी पारी flashy नहीं थी, लेकिन मैच जीताने वाली थी।

Agha Salman

Agha Salman का योगदान शायद scoreboard पर बड़ा न दिखे, लेकिन वक्त पर सही रन और partnership को संभालने का काम उन्हीं ने किया। ऐसी पारियाँ टीम को ढहने से बचाती हैं।

Imam-ul-Haq

Imam ने शुरुआत में गेंद को पढ़कर खेलने की कला दिखाई। उन्होंने जल्दी बड़ी हिट की कोशिश नहीं की, बल्कि base बनाया ताकि बाकी बल्लेबाज़ आराम से खेल सकें।

गेंदबाज़ी असली गेम चेंजर साबित हुई।

Shaheen Afridi ने शुरुआती ओवरों में विपक्ष पर दबाव बनायाAbrar Ahmed ने मध्य के ओवरों में ऐसे विकेट लिए जिससे दक्षिण अफ़्रीका की बल्लेबाज़ी लड़खड़ा  गई। Naseem Shah ने लगातार सही लाइन लेंथ से रन रोककर मैच पाकिस्तान की ओर मोड़ दिया। तीसरे मैच में दक्षिण अफ़्रीका सिर्फ 143 रन ही बना पाई। और यही स्कोर इस सीरीज़ का असली निर्णायक मोड़ रहा।

पाकिस्तान क्यों जीता?

पाकिस्तान ने यह सीरीज़ इसलिए जीती क्योंकि टीम में हर किसी ने अपनी जिम्मेदारी समझी और निभाई। किसी एक खिलाड़ी पर निर्भर रहने के बजाय, हर मैच में कोई न कोई आगे आता रहा। गेंदबाज़ों ने सटीक गेंदबाज़ी की, middle order ने दबाव में शांति दिखाई और chase के दौरान घबराहट से बचा गया। सबसे महत्वपूर्ण बात, टीम ने परिस्थिति को समझकर खेला, जल्दबाज़ी नहीं की।

निष्कर्ष।

• टीम जीती, पर Babar की फॉर्म चर्चा का विषय रही।
• पाकिस्तान ने संयम और बॉलिंग-डॉमिनेंस के साथ सीरीज़ अपने नाम की।
• आगे बड़े टूर्नामेंट्स में Babar की फॉर्म पाकिस्तान की बैटिंग लाइनअप का असली बैलेंस तय करेगी।

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